मंदसौर। विगत रविवार को गरोठ विधायक चंद्रसिंह सिसोदिया के समरसता आयोजन के दौरान भानपुरा तहसील के ग्राम अरनिया चारण में सड़क निर्माण की मांग को लेकर ग्रामीणों और विजय मीणा के साथ संवाद के दौरान विवाद की स्थिति निर्मित हो गई। इसी दौरान भानपुरा के पार्षद अनिल राठौर द्वारा विजय मीणा के साथ कथित मारपीट किए जाने का मामला सामने आया। घटना के विरोध में मंगलवार सुबह मीणा समाज सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण भानपुरा थाने के बाहर एकत्रित हुए और मामले में एफआईआर दर्ज कर निष्पक्ष जांच एवं उचित कार्रवाई की मांग की। समाजजनों का कहना है कि किसी भी व्यक्ति को कानून हाथ में लेकर मारपीट करने का अधिकार नहीं है। यदि किसी ग्रामीण द्वारा अपनी समस्या या विकास कार्य की मांग जनप्रतिनिधियों के समक्ष रखी जाती है तो उसका समाधान संवाद और लोकतांत्रिक तरीके से होना चाहिए, न कि कथित मारपीट के जरिए।
समाजजनों ने कहा कि मीणा समाज किसी भी प्रकार के अपमान,गाली-गलौज या मारपीट को स्वीकार नहीं करेगा। उनका कहना है कि मामले में निष्पक्ष जांच कर दोषी पाए जाने वाले व्यक्ति के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई होनी चाहिए। वहीं समाजजनों ने विधायक चंद्रसिंह सिसोदिया से भी मामले में निष्पक्ष रुख अपनाने और पीड़ित पक्ष को न्याय दिलाने में सहयोग करने की मांग की है। उनका कहना है कि जनप्रतिनिधियों से समाज को न्याय और सम्मान की अपेक्षा रहती है। मीणा समाज के लोगों ने स्पष्ट किया कि उनका विरोध किसी राजनीतिक दल से नहीं,बल्कि कथित मारपीट की घटना और कानून व्यवस्था के तहत कार्रवाई की मांग को लेकर है। समाजजनों ने प्रशासन से मांग की कि मामले की निष्पक्ष जांच कर सच्चाई सामने लाई जाए और दोषी के विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।