नीमच। प्रसिद्ध समाजसेवी अशोक अरोरा पर हुए हमले के मामले में पुलिस ने कई जगहों पर दबिश दी है। फरार हमलावरों की तलाश जारी है। इधर जिस कार में शूटर आए थे। वह कार मास्टर माइंड बाबू सिंधी के मुनीम की निकली।
इसके अलावा भैरुगढ़ जैल में बाबू सिंधी और शूटर बाबू दोनों एक साथ बंद रहे थे। जिसके बाद पुलिस की सुई बाबू सिंधी पर आकर टिक गई हैं। पुलिस ने बाबू के साथी लक्की को राउंडअप के बाद कुछ साथी को पकड़ा हैं। साथ ही पुलिस ने मंदसौर में बाबू सिंधी के संत कंवर राम कालोनी स्थित घर के आस-पास भी पुलिस की निगरानी हो रही है। साथ ही बाबू सिंधी के परिवारजनों से भी पुलिस ने पूछताछ की हैं। इसके बाद पुलिस को जल्द ही सफ़लता मिलने की उम्मीद जताई जा रही हैं। सूत्रों की माने तो जय कुमार सबनानी उर्फ बाबू सिंधी जल्द न्यायालय में सरेंडर कर सकता हैं। ऐसी आशंका जताई जा रही हैं।,?
26 अगस्त 2021 को केंद्रीय नारकोटिक्स की टीम ने बाबू सिंधी के गोदाम पर दबिश दी थी। उस दौरान बाबू सिंधी के गोदाम से अवैध मादक पदार्थ डोडाचूरा धोलापाली के साथ मौके से गिरफ्तार किया था। तब से ही बाबू सिंधी जेल में बंद था। बाबु को कुछ दिनों पहले ही पैरोल मिली थी। और जेल से छूटकर आया था। सूत्रों का कहना हैं की वर्चस्व की लड़ाई के चक्कर में बाबु सिंधी ने प्लानिंग के तहत बाबू फकीर से मिलकर समाजसेवी अशोक अरोरा के ऊपर फायरिंग करवाई गई ?
अनुराग ऐरन बाबू सिंधी के गोदाम पर मुनीम था,जो सीबीएन की कार्रवाई के बाद से जैल में बंद है। घटना के कुछ दिन पहले बेटे के उपचार के नाम पर पैरोल पर 17 फरवरी तक के लिए बाहर आए सूत्रों की माने तो बाबू सिंधी ने स्कीम नंबर-36 स्थित मुनीम के घर से घटना में उपयोग की गई कार उठाई थी। इसका सीसीटीवी फुटेज पुलिस के पास है। रात को सिंधी सभी आरोपी भाटखेडा फंटा चौराहा पर खेतों के अंदर बने सिंधी के फॉर्म हाउस पर ठहरे थे। घटना से पहले लायन चौराहा पर तीन से चार बार चक्कर भी लगाए।
कई जगहों पर पुलिस ने दी दबिश ...
सूत्रों की माने तो आरोपियों की तलाश में पुलिस की टीमें ने नीमच,मंदसौर,रतलाम ,प्रतापगढ़,चितौड़गढ़,भीलवाडा, देने गई हैं। वहीं 5 से 6 टीमें घटना स्थल के बाद दशहरा मैदान के पीछे से भागने वाले आरोपियों की तलाश में सीसीटीवी फुटेज से रोडमैप बना रही है। पुलिस जल्द ही मामले का खुलासा कर सकती हैं।
सामने आया सीसीटीवी फुटेज...
घटना स्थल के सीसीटीवी फुटेज से घटना का खुलासा हुआ। इसमें दिख रहा है कि आरोपी सामने से क्रेटा कार लेकर आए तो एक्सीडेंट से बचने के लिए समाजसेवी
अशोक अरोरा ने लेफ्ट में कार रोक दी। इतने में पीछे की सीट से एक आरोपी ने उतरकर अरोरा पर तीन फायर किए तो ये झुक गए। आरोपी और फायर करते इसके पहले ही अशोक के पीछे स्कॉर्पियो में चल रहे सुरक्षा कर्मचारियों ने आरोपियों पर फायरिंग शुरू कर दी। इसमें ड्राइवर के पास बैठे बाबू फकीर को कंधे में गोली लगने पर वह गेट से नीचे उतरने लगा। तभी एक गोली उसकी पीठ में लगी। फायर होते ही अरोरा कार लेकर निकल गए। मौके पर शराब व्यवसायी के सुरक्षाकर्मी व आरोपियों के बीच फायरिंग हुई। आरोपी कार में बैठकर भाग रहे थे तभी ड्राइवर सीट के सामने कांच पर फायर हुआ। कार चलाने वाला आरोपी कार छोडकर कन्या कॉलेज की तरफ दशहरा मैदान के पीछे भाग गया। इसके पीछे दो अन्य आरोपी भी भाग गए। सुरक्षाकर्मियों ने स्कॉर्पियो से उतरकर तीन आरोपियों का
पीछा किया, लेकिन वे हाथ नहीं