दलौदा-ढोढर रेल खंड का सीआरएस निरीक्षण सफलतापूर्वक संपन्न,नीमच–रतलाम रेल दोहरीकरण परियोजना का 71% से अधिक कार्य पूर्ण
31 Jul 2025
NEEMUCH NEWS
रतलाम, 31 जुलाई। पश्चिम रेलवे के रतलाम मंडल के अंतर्गत नीमच से रतलाम तक लगभग 130 किलोमीटर लंबे रेल खंड का दोहरीकरण कार्य तीव्र गति से प्रगति पर है। इसी क्रम में 30 जुलाई, 2025 को रेलवे संरक्षा आयुक्त (सीआरएस), पश्चिम परिमंडल श्री ई. श्रीनिवास द्वारा दलौदा से ढोढर के बीच नव निर्मित दोहरीकृत रेल खंड का निरीक्षण एवं गति परीक्षण सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। निरीक्षण के दौरान श्री श्रीनिवास ने नवनिर्मित रेल लाइन के अंतर्गत बनाए गए ब्रिजों, ओएचई, रेलवे ट्रैक, सिग्नलिंग प्रणाली एवं अन्य संरक्षा पहलुओं का विस्तारपूर्वक मूल्यांकन किया। इसके पश्चात निरीक्षण यान के माध्यम से 120 किमी प्रति घंटा की गति से ट्रैक की गुणवत्ता का परीक्षण किया गया, जिसे संतोषजनक पाए जाने पर ट्रेन परिचालन की अनुमति प्रदान कर दी गई। इस निरीक्षण के साथ ही दलौदा–ढोढर के बीच लगभग 21 किमी लंबे दोहरीकृत खंड को संचालन के लिए अधिकृत कर दिया गया है। अब तक नीमच–रतलाम परियोजना के कुल 133 किमी में से लगभग 95 किमी खंड पर दोहरीकरण का कार्य पूर्ण किया जा चुका है, जो कुल प्रगति का 71% से अधिक है। शेष मल्हारगढ़–दलौदा खंड (लगभग 38 किमी) पर कार्य तेजी से जारी है और इसे भी शीघ्र ही पूर्ण कर परिचालन हेतु खोल दिया जाएगा। नीमच–रतलाम खंड के दोहरीकरण के पूर्ण होते ही रतलाम से चित्तौड़गढ़ तक की रेललाइन पूरी तरह दोहरीकृत हो जाएगी। इससे न केवल इस खंड की सेक्शन कैपेसिटी में वृद्धि होगी, बल्कि इस क्षेत्र के प्रमुख उद्योगों जैसे सीमेंट और जिंक की मालगाड़ियों का संचालन भी सुगम होगा। साथ ही, ट्रेनों के पासिंग में लगने वाला समय घटेगा और यात्रीगण अपने गंतव्य तक अधिक तेजी से पहुंच सकेंगे।