जीरन । कृषि उपज मंडी में इन दिनों अव्यवस्थाओं का बोलबाला है। मंडी प्रशासन की लापरवाही के कारण दूर-दराज से अपनी खून-पसीने की उपज बेचने आ रहे किसानों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। सबसे बदतर स्थिति मंडी के मुख्य प्रवेश द्वार की है, जहाँ प्रवेश पर्ची कटवाने के लिए अन्नदाताओं को घंटों इंतजार करना पड़ रहा है। पर्ची काउंटर पर कर्मचारियों का अड़ियल रवैया किसानों का आरोप है कि मुख्य गेट पर तैनात मंडी कर्मचारी अपनी मनमानी पर उतारू हैं। जब किसान समय पर पर्ची बनाने का आग्रह करते हैं, तो जिम्मेदार कर्मचारी सीधे मुंह बात नहीं करते। हद तो तब हो जाती है जब विरोध करने पर कर्मचारियों द्वारा किसानों को “आपको जो करना हो कर लो, जहाँ शिकायत करनी है कर लो” जैसी गैर-जिम्मेदाराना धमकियाँ दी जाती हैं। कर्मचारियों का यह अड़ियल रवैया किसानों के जख्मों पर नमक छिड़कने जैसा है।