निम्बाहेड़ा 06 जुलाई। नगर के स्वतंत्र पत्रकार पप्पूलाल देतवाल को कथित रूप से जातिगत अपमान, अभद्र भाषा का प्रयोग करते हुए जान से मारने की धमकी दिए जाने के विरोध में सोमवार को नगर के पत्रकारों एवं मीडियाकर्मियों ने एकजुटता का परिचय देते हुए उपखंड अधिकारी एवं पुलिस उपाधीक्षक को ज्ञापन सौंपकर दोषी के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग की। ज्ञापन में बताया गया कि स्वतंत्र पत्रकार पप्पूलाल देववाल जब जिला चिकित्सालय निंबाहेड़ा में अपने परिजन की दवा लेने पहुंचे थे, तभी एक कर्मचारी द्वारा उन्हें उनकी पत्रकारिता गतिविधियों को लेकर कथित रूप से अपमानित किया गया। आरोप है कि संबंधित व्यक्ति ने जातिसूचक शब्दों का प्रयोग करते हुए पत्रकार को धमकाया तथा भविष्य में समाचार प्रकाशित करने पर गंभीर परिणाम भुगतने की चेतावनी दी। पत्रकारों ने ज्ञापन में कहा कि पत्रकार लोकतंत्र का चौथा स्तंभ है और उसका दायित्व समाज एवं प्रशासन के समक्ष जनहित के मुद्दों को निष्पक्ष रूप से रखना है। यदि किसी पत्रकार को उसके कर्तव्य निर्वहन से रोकने, डराने-धमकाने अथवा जातिगत रूप से अपमानित करने का प्रयास किया जाता है तो यह न केवल पत्रकारिता की स्वतंत्रता पर हमला है, बल्कि लोकतांत्रिक मूल्यों के भी विपरीत है। मीडियाकर्मियों ने प्रशासन से मांग की कि मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषी के विरुद्ध कानूनी एवं विभागीय कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, ताकि भविष्य में किसी भी पत्रकार को इस प्रकार की प्रताड़ना का सामना न करना पड़े तथा पत्रकारों की सुरक्षा एवं सम्मान बना रहे। इस दौरान बड़ी संख्या में पत्रकार एवं मीडिया प्रतिनिधि उपस्थित रहे। प्रतिनिधिमंडल ने उपखंड अधिकारी कार्यालय पहुंचकर ज्ञापन सौंपा तथा बाद में पुलिस उपाधीक्षक से मुलाकात कर पूरे घटनाक्रम से अवगत कराया। अधिकारियों ने मामले की जांच कर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया। इस अवसर पर एस.एस अग्रवाल, ज़ाकिर हुसैन, प्रकाश खत्री, फैसल खान, बिहारीलाल सोलंकी, शकील खान, विक्रम मीणा, मोईन खान, अशरफ मेव, निशांत अग्रवाल, शरीफ़ मेव, कमलेश आमेटा, पप्पू देतवाल, वकार अहमद इत्यादि मीडियाकर्मी उपस्थित रहे।


