नीमच। शहर में इन दिनों लगातार सडक़ किनारे धड़ल्ले से लग रही अवैध गुमटियों ने शहर की सौदंर्यता को पलीता लगा रखा है। जिस और नगर पालिका के जिम्मेदारों का बिल्कुल ध्यान नहीं दे रहे है, नतीजन गुमटी माफियाओं की बढ़ोत्तरी हो रही है। आपको बता दें कि शहर की सुंदरता व्यापार व्यवसाय को बिगडऩे से भी परहेज नहीं करते, इन दिनों शहर में गुमटी माफिया तत्व सक्रिय है। शहर के किसी भी हिस्से में देख लीजिए हर जगह गुमटी – गुमटी और सिर्फ गुमटियां। वास्तविकता में नगरी निकाय अधिनियम के तहत इन्हें फुटपाथ पर व्यापार करने का अधिकार है, लेकिन नियम में स्पष्ट रूप से उल्लेखित है कि ऐसे चलित ठेले जिनके माध्यम से व्यापार करने के बाद उन्हें पुन: अपने घर ले जाए जा सके की अनुमति है। इसकी अपेक्षा नीमच जिले में गुमटी के माध्यम से जगह घेरने का एक सिलसिला लगातार जारी है बड़ा सवाल उठता है कि आखिर किसके संरक्षण में यह कार्य हो रहा है, पहले तो इस संदर्भ में आरोप नीमच नगरी निकाय के जनप्रतिनिधियों पर लगता था लेकिन अब तो नीमच नगर पालिका में कोई भी जनप्रतिनिधि के पास पॉवर नहीं है ऐसे में कौन ऐसे लोग हैं जो नीमच शहर को गुमटीओ का शहर बनाने पर तुले हुए हैं।
लगातार बढ़ रहा गुमटी माफियाओ का अतिक्रमण
नीमच दशहरा मैदान की बात की जाए तो वास्तविकता में नियम के अनुसार फूड जोन के व्यापारियों को 10 बाई 10 के क्षेत्रफल में चलित ठेला अधिकतम 6 घण्टे के लिए लगाने का प्रावधान है, 6 घंटे बाद किसी और बेरोजगार को उक्त स्थान देना होता है । इसकी अपेक्षा दशहरा मैदान में व्यवसाई फूड जोन के नाम पर स्थाई रूप से अतिक्रमण करके बैठ गए हैं और अपने द्वारा अतिक्रमण किए हुए स्थान को हजारों रुपए किराए में दे रहे हैं, साथ ही लाखों रुपए में सरकारी जमीन को बेच भी रहे हैं । फिलहाल लायंस पार्क के चारों ओर जमकर अतिक्रमण फेलना शुरू हो गया है बताया जा रहा है कि नीमच नगर पालिका के कुछ अधिकारियों की शह पर अतिक्रमण किए जा रहे हैं ।
25 से 30 हजार में बनकर तैयार हो जाती है गुमटी
एक फ्रब्रिकेशन संचालक से पूछताछ करने पर बताया कि वह २५-३० हजार में लोहे की चद्दर की गुमटी तैयार कर देते है। उसके बाद गुमटी माफिया कही भी अच्छा स्थान देखकर इसे रखवा देते है। वहीं बाजार की डिमांड के अनुसार ६ से ७ हजार रुपए माह किराए पर देते है। वहीं इसके ऐवज में नपा इन्हें हटाने के बजाए सिर्फ मामूली शुल्क की रसीद शुल्क काट कर इन्हे शहर देती है।


