नीमच।मालवी लोहार समाज द्वारा आज गुरुवार को भगवान श्री चारभुजानाथ की भव्य शाही बारात रामपुरा से निकाली जाएगी। इस ऐतिहासिक धार्मिक आयोजन में ढोल-नगाड़े, बैंड-बाजे और घोड़ों के साथ पारंपरिक शाही स्वरूप देखने को मिलेगा। बारात में शामिल श्रद्धालु अपनी पारंपरिक सांस्कृतिक वेशभूषा में नजर आएंगे। भगवान श्री चारभुजानाथ की यह शाही बारात मनासा नाके से प्रारंभ होकर नीमच शहर के मुख्य मार्गों से होती हुई महू रोड पहुंचेगी। इसके पश्चात बारात राजस्थान के प्रतापगढ़ में आयोजित मालवी लोहार समाज के विवाह सम्मेलन में सम्मिलित होगी,जहां भगवान श्री चारभुजानाथ माता तुलसा रानी से पावन विवाह हेतु प्रस्थान करेंगे। उल्लेखनीय है कि भगवान श्री चारभुजानाथ रामपुरा में विराजमान हैं, जहां उनका विशाल एवं भव्य मंदिर स्थापित है। शाही बारात के मार्ग में विभिन्न स्थानों पर श्रद्धालुओं द्वारा पुष्पवर्षा एवं भव्य स्वागत किया जाएगा।यह बारात रामपुरा से प्रारंभ होकर कुकड़ेश्वर, मनासा, जवासा, बोरखेड़ी पानेरी, नीमच, जीरन, हरवार, बरडिया, थड़ा, रठाजना, पानमोडी, भुवासिया, धामनिया, अमलावद होते हुए प्रतापगढ़ पहुंचेगी। वहां सम्मेलन स्थल पर भक्तजन पलक-पांवड़े बिछाकर भगवान का भव्य स्वागत करेंगे।इस धार्मिक यात्रा में समाज के वरिष्ठजन, महिलाएं मंगल गीत गाती हुई तथा युवा वर्ग भजनों पर नृत्य करते हुए शामिल रहेंगे। दोपहिया व चारपहिया वाहनों के काफिले के साथ यह विशाल बारात प्रतापगढ़ के बगवास में आयोजित सामूहिक विवाह सम्मेलन में संपन्न होगी। भगवान श्री चारभुजानाथ की शाही बारात को लेकर राजस्थान एवं मालवा अंचल के समाजजनों में विशेष उत्साह देखा जा रहा है। उक्त जानकारी पत्रकार घनश्याम लौहार (कायदरा) ने दी