नीमच 28 अप्रैल। कुचबंदिया गिहारा समाज के दो दिवसीय माता महारानी उत्सव का शुभारंभ मंगलवार को रथ यात्रा से हुआ दोपहर 1 बजे यात्रा मूलचंद मार्ग नया बाजार से प्रारंभ हुई। ट्रैक्टर पर माता रानी की प्रतिमा को फूलों से सजाया गया। समाज के पुरुष पारंपरिक सफेद वस्त्रों में केसरिया और गुलाबी साफा पहनकर सहभागी बने ।महिलाएं लाल पीले और हरे मराठी परिधानों में नजर आई। डीजे और ढोल पार्टी सहभागी बने। रथ यात्रा में चलो बुलावा आया है माता ने बुलाया है ..,मैया की चुनर उड़ी उड़ी जाए.., मैहर में माता शारदा भवानी जैसे भजनों की ध्वनि पूरे मार्ग में गूंजती रही। भीषण गर्मी के बावजूद श्रद्धालुओं का उत्साह बना रहा। विभिन्न सामाजिक संगठनों ने पुष्प वर्षा कर समाज जनों का स्वागत किया। रथ यात्रा के बाद स्नेह मिलन समारोह हुआ। महु रोड पर नागरिकों ने पुष्प वर्षा कर स्वागत किया आज बुधवार को महु रोड स्थित मरीमाता मंदिर पर पूजा श्रृंगार हवन पर प्रसादी का आयोजन किया जाएगा। कुचबंदिया गिहारा समाज प्रतिवर्ष की तरह इस वर्ष भी आराध्य देवी मारी माता की जयंती धूमधाम से बना रहा है। यह आयोजन वैशाख माह की तेरस को होता है। समाज जन इस पर्व को भारवसी पूजा के नाम से जानते हैं ।समाज के संजय गौहर ने बताया कि मरी माता से जो भी मन्नत मांगता है वह एक वर्ष में पूरी हो जाती है। माता ने कई निसंतानों को संतान सुख दिया है। इस अवसर पर दिल्ली मुंबई नासिक मध्य प्रदेश और राजस्थान के कई शहरों से समाजजन इस आयोजन में शामिल होने के लिए नीमच पहुंचे हैं। रथ यात्रा नया बाजार घंटाघर तिलक मार्ग पुस्तक बाजार 40 चौराहा टैगोर मार्ग कमल चौक फव्वारा चौक होते हुए वापस विनोबागंज पर पहुंचकर विसर्जन कार्यक्रम में परिवर्तित हो गई। आज बुधवार को मरी माता मंदिर पर भजन कीर्तन और प्रसादी का आयोजन किया जाएगा। रथ यात्रा में सबसे आगे डीजे पर भजन बज रहे थे। साथ में समाज के पुरुष और महिलाएं सहभागी बनें थे रथ में माता रानी की प्रतिमा को फूलों से श्रृंगारित किया गया था।